उत्तरकाशी में बढ़ा वनाग्नि का खतरा, बाड़ाहाट और मुखेम रेंज के जंगलों में धधकी आग
- उत्तरकाशी वन प्रभाग में लगातार बढ़ रही वनाग्नि की घटनाओं ने चिंता बढ़ा दी है। भीषण गर्मी और कम बारिश के कारण जंगलों में आग तेजी से फैल रही है, जिससे वन संपदा, वन्यजीव और आसपास के गांवों पर खतरा मंडरा रहा है।
- शनिवार को डुंडा रेंज के बड़ेथी और खरवां गांव के पास जंगलों में लगी आग दूसरे दिन बाड़ाहाट रेंज तक पहुंच गई। वहीं, मनेरा बाईपास रोड से जुड़े पोखरी गांव के जंगलों में भी आग फैलने से इलाके में हड़कंप मच गया।
- आग के कारण बाईपास मार्ग पर आवाजाही भी प्रभावित रही। जलते हुए चीड़ के पेड़ और पत्थर गिरने का खतरा बना रहा, जबकि एक आवासीय भवन भी आग की चपेट में आने से बाल-बाल बच गया।
- वन विभाग, फायर सर्विस, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और क्यूआरटी की संयुक्त टीमें लगातार आग पर काबू पाने में जुटी हुई हैं। इससे पहले बाड़ाहाट रेंज के बसुंगा, मैणागाड और गोफियारा क्षेत्रों में भी भीषण आग लगी थी, जिसे काफी मशक्कत के बाद नियंत्रित किया गया।
- विशेषज्ञों का मानना है कि शीतकालीन वर्षा में कमी और बढ़ते तापमान के कारण इस साल जंगलों में आग की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं। लगातार लग रही आग से पर्यावरण, जैव विविधता और वन्यजीवों को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका है।
- स्थानीय लोगों ने प्रशासन से वनाग्नि रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने और संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने की मांग की है, ताकि लोगों की सुरक्षा और प्राकृतिक संसाधनों को बचाया जा सके।
