गूगल रिव्यू का झांसा देकर 70 लाख की ठगी, वॉट्सएप और टेलीग्राम बने हथियार
हरिद्वार में साइबर ठगी का मामला: 70 लाख रुपये उड़ा लिए गए
- साइबर ठगों ने हरिद्वार के एक व्यक्ति को गूगल रिव्यू पर वेतन देने का झांसा देकर कुल 70.31 लाख रुपये ठग लिए। ठगों ने पहले वॉट्सएप पर संदेश भेजकर भरोसा दिलाया और फिर टेलीग्राम लिंक के माध्यम से पीड़ित को अपने जाल में फंसा लिया।
- आरोपितों ने पीड़ित को इतना डराया कि उसे अपनी सुरक्षा के लिए 40 लाख रुपये का लोन लेना पड़ा। इस मामले में साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
- विशेषज्ञों का कहना है कि ऑनलाइन फ्रॉड से बचने के लिए किसी भी अज्ञात लिंक या फर्जी ऑफर पर कभी भरोसा नहीं करना चाहिए।
वाट्सएप और टेलीग्राम का जाल: हरिद्वार निवासी का खाता हुआ खाली
हरिद्वार के सिडकुल निवासी विकास ने बताया कि 2 सितंबर 2025 को उन्हें वॉट्सएप पर संदेश मिला, जिसमें गूगल रिव्यू देने पर मोटा वेतन देने का झांसा दिया गया। विकास ने कहा कि वह पहले प्राइवेट नौकरी करते थे और वर्तमान में बेरोजगार हैं, इसलिए इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया।
इसके बाद ठगों ने उन्हें टेलीग्राम लिंक के माध्यम से जोड़कर फंसा लिया और उनके खाते को खाली कर दिया। इस घटना ने एक बार फिर ऑनलाइन फ्रॉड की गंभीरता को उजागर किया है और लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी गई है।
- हरिद्वार के एक व्यक्ति के साथ साइबर ठगों ने टेलीग्राम और वॉट्सएप का इस्तेमाल कर लगभग 70.31 लाख रुपये ठग लिए। ठगों ने सबसे पहले CME ग्रुप का फर्जी टेलीग्राम लिंक दिखाया। इस ग्रुप की सदस्य इशिका पटेल ने पीड़ित से 15,000 रुपये जमा करने को कहा, जिसे उन्होंने ट्रांसफर कर दिया।
- ठगों ने फर्जी दस्तावेज और वेबसाइट दिखाकर भरोसा दिलाया कि निवेश करने पर उन्हें 50% मुनाफा मिलेगा। इसके बाद पीड़ित को एक और टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ा गया और लगातार डराकर फंसाया गया।
- जब पीड़ित ने बीच में मुनाफा निकालने की कोशिश की, तो ठगों ने मना कर दिया और कहा कि उनका क्रेडिट स्कोर कम है। उन्हें भरोसा दिलाया गया कि 8 लाख रुपये जमा करने के बाद सारी राशि निकाली जा सकती है। हालांकि, यह राशि जमा करने के बावजूद उनका पैसा नहीं मिला और ठगों ने टैक्स देने का दबाव डालना शुरू कर दिया।
- डर और दबाव के चलते पीड़ित ने 40 लाख रुपये का लोन लिया और अंततः अपनी पूरी जमा पूंजी ठगों के खातों में ट्रांसफर कर दी।
- साइबर क्राइम पुलिस ने इस मामले में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
