देहरादून में यातायात बाधित: दून ऑटो यूनियन का CM आवास कूच, धरना जारी
- देहरादून में दून ऑटो यूनियन ने अपनी छह सूत्रीय मांगों को लेकर सोमवार को मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच किया। प्रदर्शनकारी ई-ऑटो रिक्शा के नए रजिस्ट्रेशन पर रोक, टैक्स चुका रहे ऑटो चालकों के किलोमीटर दायरे में बढ़ोतरी समेत अन्य मांगों को लेकर सड़कों पर उतरे।
- प्रशासन ने ग्लोब चौक पर भारी पुलिस बल तैनात कर प्रदर्शनकारियों को रोक लिया। इसके बाद ऑटो चालक सड़क पर ही धरने पर बैठ गए, जिससे कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन यूनियन अपनी मांगों पर अडिग रही।
ऑटो चालकों की प्रमुख मांगें
दून ऑटो यूनियन का कहना है कि ई-ऑटो रिक्शा की बढ़ती संख्या के कारण परंपरागत ऑटो चालकों की आजीविका पर गंभीर संकट पैदा हो गया है। यूनियन की मांग है कि
- ई-ऑटो रिक्शा का नया रजिस्ट्रेशन तत्काल बंद किया जाए,
- टैक्स अदा कर रहे ऑटो चालकों का किलोमीटर दायरा बढ़ाया जाए,
- नियमों का समान रूप से पालन सुनिश्चित किया जाए,
- और परिवहन नीति में ऑटो चालकों के हितों को प्राथमिकता दी जाए।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे वर्षों से नियमों के तहत टैक्स देकर काम कर रहे हैं, लेकिन नई व्यवस्थाओं के चलते उनका रोजगार असुरक्षित हो गया है।
शांतिपूर्ण विरोध, आजीविका की लड़ाई
- ऑटो चालकों ने स्पष्ट किया कि उनका आंदोलन शांतिपूर्ण है और वे केवल अपनी रोज़ी-रोटी की रक्षा के लिए सड़क पर उतरे हैं। यूनियन नेताओं ने कहा कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सरकार की ओर से सकारात्मक पहल नहीं हुई, तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
- यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण विरोध के अधिकार, रोजगार और आजीविका के अधिकार, तथा समान आर्थिक अवसर जैसे महत्वपूर्ण मानवाधिकारों से जुड़ा हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि परिवहन नीतियों में बदलाव करते समय स्थानीय श्रमिकों और चालकों के हितों का संतुलन जरूरी है।
- प्रशासन की ओर से आश्वासन दिया गया है कि मांगों को संबंधित विभाग तक पहुंचाया जाएगा, लेकिन प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे लिखित और ठोस निर्णय के बिना धरना समाप्त नहीं करेंगे।
