देहरादून-हरिद्वार में आवारा कुत्तों का मुद्दा गंभीर, मुख्य सचिव ने त्वरित कार्रवाई के दिए निर्देश
- आनंद बर्द्धन ने सचिवालय में आयोजित समीक्षा बैठक में आवारा कुत्तों और गोवंश से जुड़ी समस्याओं के समाधान को लेकर सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुपालन पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक और भीड़भाड़ वाले स्थानों से आवारा पशुओं को हटाना प्राथमिकता होनी चाहिए।
- मुख्य सचिव ने देहरादून, हरिद्वार, रुद्रपुर और काशीपुर जैसे बड़े शहरों में स्ट्रीट डॉग समस्या के समाधान के लिए क्षेत्रवार नोडल अधिकारी तैनात करने के निर्देश दिए। साथ ही राष्ट्रीय राजमार्गों पर आवारा पशुओं से होने वाले दुर्घटना जोखिम की भी समीक्षा की गई।
- उन्होंने क्रिटिकल स्थलों की पहचान, कांजी हाउस के निर्माण और संचालन, तथा बस अड्डों व रेलवे स्टेशनों के आसपास स्थानीय निकायों के साथ मिलकर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। इसके अलावा नागरिकों को आवारा पशुओं को गोद लेने के लिए प्रेरित करने हेतु जागरूकता अभियान चलाने पर भी बल दिया गया।
- बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि पालतू पशु रखने वालों के लिए ‘क्या करें–क्या न करें’ विषय पर मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) तैयार की जाएगी, ताकि जिम्मेदार पालतू पालन को बढ़ावा मिले।
- यह कदम जनसुरक्षा, पशु कल्याण और सुरक्षित सार्वजनिक स्थानों के अधिकार को संतुलित करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
