देहरादून में CM धामी बोले- सेना के शौर्य पर सवाल उठाने वालों को देश कभी माफ नहीं करेगा
- Pushkar Singh Dhami ने कहा कि जब कोई भारतीय सेना के शौर्य, पराक्रम और बलिदान पर सवाल उठाता है तो उनका खून खौल उठता है। उन्होंने कहा कि सीमाओं पर कठिन परिस्थितियों में तैनात जवानों का सम्मान करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है।
- गढ़ी कैंट स्थित दून सैनिक इंस्टीट्यूट में आयोजित ऑपरेशन सिंदूर की प्रथम वर्षगांठ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि वह स्वयं एक सैनिक परिवार से आते हैं और सैनिकों के बीच पहुंचना उनके लिए गर्व और आत्मीयता का विषय है।
- उन्होंने कहा कि भारतीय जवान अपने परिवार से दूर रहकर विषम परिस्थितियों में देश की सुरक्षा करते हैं, तभी देशवासी सुरक्षित जीवन जी पा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज पूरी दुनिया भारत की बढ़ती सामरिक शक्ति को स्वीकार कर रही है, लेकिन देश में कुछ लोग सेना के साहस और पराक्रम पर सवाल उठाने का काम करते हैं।
- CM धामी ने बिना किसी का नाम लिए कहा कि कुछ लोग एसी कमरों में बैठकर सेना से सबूत मांगते हैं। उन्होंने कहा कि यही लोग पहले कश्मीर से धारा 370 हटाने के फैसले पर भी सवाल उठा रहे थे, लेकिन आज वहां विकास, सुशासन और शांति का नया माहौल देखने को मिल रहा है।
- मुख्यमंत्री ने कहा कि राजनीतिक विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है, लेकिन राष्ट्रहित और सेना के सम्मान को राजनीति से ऊपर रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि जनता सब देख रही है और समय आने पर जवाब भी देती है।
- अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने चारधाम यात्रा का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मौसम और अन्य चुनौतियों के बावजूद यात्रा सुचारु रूप से चल रही है और रिकॉर्ड संख्या में श्रद्धालु उत्तराखंड पहुंच रहे हैं।
- उन्होंने कहा कि सरकार और व्यवस्था की आलोचना की जा सकती है, लेकिन देश के धामों और सनातन संस्कृति पर सवाल नहीं उठाने चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सनातन पहले भी था, आज भी है और आगे भी रहेगा।
