हैदराबाद मेट्रो ने दिया बड़ा मौका—20 ट्रांसजेंडर अब संभालेंगे सुरक्षा की कमान
- हैदराबाद: समावेशिता और सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में ऐतिहासिक कदम उठाते हुए हैदराबाद मेट्रो रेल लिमिटेड (HMRL) ने 20 ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को सुरक्षाकर्मियों (Security Staff) के रूप में नियुक्त किया है। यह कदम पूरे देश में सराहना बटोर रहा है और इसे शहरी सार्वजनिक परिवहन में सबसे प्रगतिशील निर्णयों में से एक माना जा रहा है।
ट्रांसजेंडर्स को मिली ट्रेनिंग, अब संभालेंगे सुरक्षा की जिम्मेदारी
- HMRL ने इन सभी 20 ट्रांसजेंडर कर्मचारियों को विशेष ट्रेनिंग दी थी। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद उन्हें सोमवार से औपचारिक रूप से नियुक्त किया गया है। ये सुरक्षाकर्मी—
- चुनिंदा मेट्रो स्टेशनों
- और मेट्रो ट्रेन की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालेंगे।
- इससे न सिर्फ सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी, बल्कि महिला यात्रियों की सुरक्षा में भी बड़ा सुधार होने की उम्मीद है।
देश की सबसे आधुनिक मेट्रो—रोजाना 5 लाख यात्री करते हैं सफर
हैदराबाद मेट्रो रेल को भारत के सबसे आधुनिक Urban Transit Systems में गिना जाता है।
- 3 मेट्रो कॉरिडोर
- 57 स्टेशन
- लगभग 5 लाख दैनिक यात्री, जिनमें 30% महिलाएं
- महिला यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए HMRL ने सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए यह कदम उठाया है।
तेलंगाना सरकार के समावेशी समाज के सपने को मिला बल
- HMRL के निदेशक सरफराज अहमद ने इसे बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा—
- “20 ट्रांसजेंडर्स की नियुक्ति हैदराबाद मेट्रो परिवार के लिए गर्व की बात है। यह सिर्फ नौकरी नहीं, बल्कि सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, जो तेलंगाना सरकार के समावेशी समाज के विज़न को पूरा करता है।”
- तेलंगाना सरकार ने पिछले साल से ट्रांसजेंडर समुदाय को सरकारी और सार्वजनिक स्थलों में रोजगार देने की पहल शुरू की थी।
मेट्रो सुरक्षा में यह नियुक्ति उसी प्रयास का महत्वपूर्ण परिणाम है।
समाज के लिए संदेश—समान अवसर और सम्मान
हैदराबाद मेट्रो द्वारा ट्रांसजेंडर्स को सुरक्षा जैसी जिम्मेदार भूमिका देना एक बड़ा सामाजिक संदेश है—कि योग्यता किसी लैंगिक पहचान की मोहताज नहीं होती। यह कदम ट्रांसजेंडर समुदाय में—
- रोजगार के अवसर
- सामाजिक सम्मान
- आत्मविश्वास को बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान देगा।
