IND vs PAK: सूर्यकुमार यादव ने मैच फीस सेना को समर्पित की, पूरे देश का दिल जीता
- पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारतीय सेना के ‘ऑपरेशन सिंदूर’ से बौखलाए पाकिस्तान को रविवार को दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में भारतीय टीम के ‘ऑपरेशन तिलक’ ने करारा झटका दिया।
- रोमांच से भरपूर इस एशिया कप 2025 के फाइनल मुकाबले में टीम इंडिया ने ऐसा प्रदर्शन किया जिसने पूरी दुनिया में भारतीयों का सीना गर्व से चौड़ा कर दिया। भारतीय टीम के 11 खिलाड़ियों ने शानदार टीमवर्क और जज़्बे के साथ खेलते हुए पाकिस्तान को 5 विकेट से मात दी।
- इस जीत के साथ भारत ने न सिर्फ फाइनल में इतिहास रचा, बल्कि पूरे टूर्नामेंट में पाकिस्तान को तीसरी बार पराजित किया। मैदान पर टीम इंडिया का दबदबा और रणनीतिक खेल देखकर स्टेडियम में मौजूद दर्शकों से लेकर देशभर में जश्न का माहौल बन गया।
Suryakumar Yadav ने भारतीय सेना को अपनी पूरी मैच फीस देने की घोषणा की
भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव ने एशिया कप 2025 के बाद एक बड़ा और भावुक फैसला लिया है। उन्होंने घोषणा की है कि एशिया कप से मिलने वाली अपनी पूरी मैच फीस वह भारतीय सशस्त्र सेनाओं और हाल ही में पहलगाम आतंकी हमले के पीड़ितों को दान करेंगे।
भारत ने 28 सितंबर 2025 को दुबई में खेले गए फाइनल में पाकिस्तान को 5 विकेट से हराकर खिताब अपने नाम किया। इसके तुरंत बाद सूर्यकुमार यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा:
“मैंने इस टूर्नामेंट की अपनी मैच फीस हमारी सशस्त्र सेनाओं और पहलगाम आतंकी हमले के पीड़ित परिवारों को देने का निर्णय लिया है। आप हमेशा मेरी सोच में रहते हैं। जय हिंद।”
टी20 फॉर्मेट में भारतीय खिलाड़ियों को प्रत्येक मैच के लिए लगभग 4 लाख रुपये मिलते हैं। सूर्यकुमार यादव ने इस टूर्नामेंट में 7 मैच खेले, इसलिए कुल मिलाकर वह 28 लाख रुपये दान करेंगे।
टीम इंडिया का पाकिस्तान पर दबदबा
एशिया कप 2025 में भारतीय टीम ने पाकिस्तान को लगातार तीन मैचों में हराया और फाइनल में भी 5 विकेट से जीत दर्ज की। इस जीत ने टीम इंडिया को खिताब दिलाया और पूरे टूर्नामेंट में भारत का दबदबा दिखाई दिया।
भारतीय टीम ने ट्रॉफी लेने से किया इनकार
- फाइनल मैच के बाद भारतीय टीम ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड और एशियाई क्रिकेट परिषद (एसीसी) के अध्यक्ष मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया। इसके कारण पुरस्कार समारोह करीब एक घंटे तक रुक गया।
- पाकिस्तान के गृहमंत्री और एसीसी अध्यक्ष नकवी ट्रॉफी देना चाहते थे, लेकिन टीम इंडिया ने साफ कहा कि वे इसे स्वीकार नहीं करेंगे। नकवी और अमीरात क्रिकेट बोर्ड के अन्य अधिकारी स्टेज पर खड़े रहे, जबकि भारतीय और पाकिस्तानी टीमों ने अलग-अलग खड़े रहकर स्थिति को स्पष्ट किया।
- एक समय तो ट्रॉफी को मैदान से बाहर ले जाया गया। अंत में आयोजकों ने घोषणा की कि विजेता टीम ने ट्रॉफी लेने से इनकार किया है, जिसके बाद समारोह समाप्त कर दिया गया। इस अनोखे निर्णय के बावजूद भारतीय टीम ने ट्रॉफी के बिना ही जीत का जश्न मनाया, और यह पहला अवसर था जब खिताब जीतने के बाद ट्रॉफी को हाथ में लिए बिना फोटो खिंचवाई गई।
