तेल संकट से जूझ रहा उत्तराखंड: पेट्रोल पंपों पर सप्लाई कम, ₹300 तक सीमित बिक्री
- भले ही प्रशासन लगातार यह दावा कर रहा है कि राज्य में पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है, लेकिन जमीनी स्तर पर तस्वीर कुछ अलग ही दिखाई दे रही है। शहर के कई पेट्रोल पंपों पर हालात सामान्य नहीं हैं, जिससे आम लोगों की परेशानी बढ़ती नजर आ रही है।
- शुक्रवार को कई स्थानों पर पेट्रोल की बिक्री सीमित कर दी गई। ट्रांसपोर्ट नगर स्थित भारत पेट्रोलियम के एक पंप पर ग्राहकों को केवल 300 रुपये तक ही पेट्रोल दिया गया। इससे लोगों को लंबी कतारों और असुविधा का सामना करना पड़ा।
- वहीं, एचपी (HP) कंपनी के सतवाल पेट्रोल पंप पर पूरे दिन पेट्रोल और डीजल की बिक्री बंद रही। पंप कर्मचारियों के अनुसार, कंपनी की ओर से ईंधन की सप्लाई नहीं पहुंची, जिसके कारण पंप को अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा। इस दौरान पंप पर मरम्मत कार्य भी किया गया।
- इसी तरह, देवलचौड़ चौराहे के पास स्थित इंडियन ऑयल के पेट्रोल पंप पर लगातार दूसरे दिन सामान्य पेट्रोल खत्म हो गया। ग्राहकों को मजबूरन प्रीमियम पेट्रोल खरीदना पड़ा, जो आम पेट्रोल की तुलना में महंगा होता है।
- इस मुद्दे पर पर्वतीय पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष वीरेंद्र चड्ढा ने बताया कि राज्य में मांग के मुकाबले 20 से 25 प्रतिशत तक कम ईंधन सप्लाई हो रही है। इसके अलावा, अब डीलर्स को कंपनियों से एडवांस पेमेंट करने के बाद ही ईंधन मिल रहा है, जबकि पहले भुगतान की सुविधा डिलीवरी के समय या किस्तों में भी उपलब्ध थी।
- इस स्थिति ने न केवल आम जनता बल्कि व्यापारियों की भी चिंता बढ़ा दी है। यदि जल्द ही ईंधन आपूर्ति में सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में यह संकट और गहरा सकता है।
