उत्तराखंड में वन्यजीव अलर्ट: रुड़की झील में मगरमच्छ, रेस्क्यू अभियान बाधित
- Roorkee की शक्ति विहार कॉलोनी स्थित झील में दिखाई दे रहे दो मगरमच्छों ने इलाके में दहशत का माहौल बना दिया है। धूप निकलते ही पानी से बाहर आते मगरमच्छों के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोगों की चिंता और बढ़ गई है। वहीं, रेस्क्यू के नाम पर मुर्गा और मछली की मांग सामने आने से भी कई सवाल खड़े हो गए हैं।
- नवगठित नगर पंचायत पाडली गुर्जर के शक्तिविहार क्षेत्र में पिछले एक सप्ताह से झीलनुमा तालाब में मगरमच्छ लगातार देखे जा रहे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, सुबह होते ही मगरमच्छ किनारे तक आ जाते हैं, जिससे आसपास रहने वाले परिवारों में भय और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।
- स्थिति यह है कि बच्चों को घर से बाहर निकलने से रोका जा रहा है, जबकि बुजुर्ग भी तालाब के रास्ते से गुजरने से बच रहे हैं। लोगों का कहना है कि कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
- नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि तौकीर ने बताया कि मामले की जानकारी वन विभाग को दे दी गई है और जल्द से जल्द रेस्क्यू अभियान शुरू करने की मांग की गई है।
- वहीं, स्थानीय सभासद प्रतिनिधि आकाश छाछर ने आरोप लगाया कि निरीक्षण के दौरान वन कर्मियों ने मगरमच्छ पकड़ने के लिए दो किलो मुर्गा और मछली उपलब्ध कराने को कहा, वह भी स्थानीय स्तर पर। उनका कहना है कि यह नियमों के खिलाफ है और सरकारी विभाग को अपनी जिम्मेदारी स्वयं निभानी चाहिए।
- इस मामले पर डीएफओ ने स्पष्ट किया है कि टीम को मौके पर भेज दिया गया है और नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, यदि किसी तरह की अनियमित मांग हुई है तो उसकी जांच कराई जाएगी।
- फिलहाल कॉलोनीवासी डरे और चिंतित हैं। लोगों ने झील के आसपास पुलिस और वन विभाग की स्थायी निगरानी लगाने की मांग की है, ताकि किसी भी संभावित हादसे से बचा जा सके और क्षेत्र में सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
