उज्जैन में बुलडोजर एक्शन से पहले भड़का गुस्सा: पथराव के बाद पुलिस का आंसू गैस से पलटवार, भारी तनाव!
- धर्मनगरी उज्जैन में सोमवार को उस समय स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो गई, जब जिला प्रशासन और नगर निगम की टीम दल-बल के साथ अतिक्रमण विरोधी कार्रवाई करने पहुँची। बुलडोजर एक्शन से ठीक पहले इलाके में माहौल गरमा गया और देखते ही देखते गुस्साए लोगों ने पथराव शुरू कर दिया। भीड़ को तितर-बितर करने और स्थिति पर काबू पाने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने पड़े। घटना के बाद से पूरे इलाके में भारी तनाव है और भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
क्या है पूरा मामला?
- मिली जानकारी के अनुसार, प्रशासन की टीम सिंहस्थ क्षेत्र और प्रमुख मार्गों के चौड़ीकरण अभियान के तहत अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई करने पहुँची थी। टीम के साथ भारी संख्या में पुलिस बल और बुलडोजर मौजूद थे। जैसे ही बुलडोजर ने कार्रवाई शुरू करने की तैयारी की, स्थानीय लोगों और प्रदर्शनकारियों ने इसका विरोध करना शुरू कर दिया।
- विरोध कर रही भीड़ अचानक उग्र हो गई और उसने पुलिस व प्रशासन की गाड़ियों को निशाना बनाते हुए पत्थरबाजी शुरू कर दी। पथराव होते ही मौके पर अफरा-तफरी और भगदड़ मच गई।
पुलिस का पलटवार, दागे आंसू गैस के गोले
- उग्र भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने पहले चेतावनी दी, लेकिन जब पथराव नहीं रुका तो पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। स्थिति पर काबू पाने के लिए पुलिस को आंसू गैस के कई गोले छोड़ने पड़े और हल्का बल प्रयोग (लाठीचार्ज) भी करना पड़ा। आंसू गैस के धुएँ और पुलिस की सख्ती के बाद उपद्रवी इधर-उधर भाग खड़े हुए।
क्षेत्र में धारा-144 लागू करने की तैयारी, भारी पुलिस बल तैनात
- घटना के बाद से इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और प्रशासनिक अमला मौके पर स्थिति का जायजा ले रहा है। इलाके में शांति बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल (आरएएफ और विशेष सशस्त्र बल) की टुकड़ियों को तैनात किया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि उपद्रव फैलाने वालों और पथराव करने वाले असामाजिक तत्वों की पहचान सीसीटीवी फुटेज के आधार पर की जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
